प्राथमिक शिक्षक भर्ती की काउंसलिंग व्यवस्था से बढ़ी अव्यवस्था

देहरादून। शिक्षा विभाग में प्राथमिक शिक्षक पदों की भर्ती के लिए अब तक अलग-अलग तिथियों पर काउंसलिंग आयोजित की जाती रही है। इस व्यवस्था में यह समस्या सामने आ रही थी कि कई अभ्यर्थियों का नाम दो से तीन जिलों की मेरिट सूची में आ जाता था। ऐसे में अभ्यर्थी एक जिले की नियुक्ति छोड़कर दूसरे जिले में नियुक्ति ले लेते थे, जिससे कई पद रिक्त रह जाते थे।

इसी समस्या के समाधान के लिए विभाग ने इस बार नया प्रयोग करते हुए सभी जिलों में एक ही दिन काउंसलिंग आयोजित की। हालांकि यह प्रयोग उल्टा पड़ गया। जिस जिले में जितने पद थे, उससे कई गुना अधिक अभ्यर्थी काउंसलिंग के लिए पहुंच गए, जिससे कई जिलों में अव्यवस्था और हंगामे जैसी स्थिति बन गई।

कुछ जिलों में कम मेरिट वाले अभ्यर्थी पहुंच गए, जबकि उच्च मेरिट वाले अभ्यर्थी काउंसलिंग में शामिल ही नहीं हो पाए। इसके अलावा कई ऐसे अभ्यर्थी भी सामने आए जो डीईओ कार्यालय तो पहुंचे, लेकिन उनकी काउंसलिंग नहीं की गई।

विभाग का कहना है कि काउंसलिंग के लिए मेरिट सूची विभाग की वेबसाइट पर पहले ही जारी कर दी गई थी और अभ्यर्थियों को मेरिट देखकर ही काउंसलिंग में आना चाहिए था। वहीं अभ्यर्थियों का आरोप है कि मेरिट के आधार पर चयनित अभ्यर्थियों को बुलाने के बजाय सभी को एक साथ काउंसलिंग के लिए बुला लिया गया, जिससे यह स्थिति उत्पन्न हुई।

अभ्यर्थियों का सुझाव है कि विभाग को पहले दिन केवल मेरिट में शामिल अभ्यर्थियों की काउंसलिंग करनी चाहिए थी और यदि पद खाली रह जाते, तो अगले दिन कम मेरिट वाले अभ्यर्थियों को बुलाया जाना चाहिए था।

इस पूरे मामले पर प्रारंभिक शिक्षा निदेशक अजय नौडियाल से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका।

Leave a Reply